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कॉलेज शुरू होने से पहले ही स्टूडेंट्स को सीख लेनी चाहिए ये स्किल्स…

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आज कंपनियां ऐसे लोगों को हायर करती हैं जो टीम के साथ काम कर सकें, समस्याओं का समाधान निकाल सकें और बदलते माहौल के अनुसार खुद को ढाल सकें. आज के समय में सिर्फ अच्छी मार्कशीट या बड़ी डिग्री होना स्कसेस की गारंटी नहीं है. कंपनियां अब ऐसे युवाओं को नौकरी देना पसंद करती हैं, जिनके पास पढ़ाई के साथ-साथ प्रैक्टिकल और प्रोफेशनल स्किल्स भी हों. यही वजह है कि कॉलेज में एडमिशन लेने से पहले ही स्टूडेंट्स को कुछ जरूरी लाइफ स्किल्स और सॉफ्ट स्किल्स सीख लेनी चाहिए. आज कंपनियां ऐसे लोगों को हायर करती हैं जो टीम के साथ काम कर सकें, समस्याओं का समाधान निकाल सकें और बदलते माहौल के अनुसार खुद को ढाल सकें.

ऐसे में अगर कोई छात्र शुरुआत से ही जरूरी स्किल्स पर काम करना शुरू कर दे, तो उसे न सिर्फ कॉलेज लाइफ में फायदा मिलता है बल्कि नौकरी में भी बेहतर सैलरी और तेजी से ग्रोथ के मौके मिलते हैं. तो आइए जानते हैं कि कॉलेज शुरू होने से पहले ही स्टूडेंट्स को कौन सी स्किल्स सीख लेनी चाहिए, जिससे नौकरी में डबल पैकेज मिलता है.

कॉलेज शुरू होने से पहले ही स्टूडेंट्स को सीख लेनी चाहिए ये स्किल्स

कम्युनिकेशन स्किल्स: आज हर क्षेत्र में अच्छी कम्युनिकेशन स्किल्स की सबसे ज्यादा मांग है. सिर्फ अंग्रेजी बोलना ही कम्युनिकेशन नहीं होता है, बल्कि अपनी बात सही तरीके से रखना, दूसरों को ध्यान से सुनना और कॉन्फिडेंस के साथ बातचीत करना भी इसका हिस्सा है. कॉलेज में प्रेजेंटेशन, ग्रुप डिस्कशन, इंटरव्यू और सेमिनार जैसी कई जगहों पर यह स्किल काम आती है. वहीं नौकरी में अच्छे कम्युनिकेशन वाले लोगों को जल्दी प्रमोशन और बेहतर सैलरी मिलने की संभावना ज्यादा होती है.कम्युनिकेशन स्किल्स से इंटरव्यू में अच्छा इंप्रेशन पड़ता है. लोगों के साथ नेटवर्क मजबूत होता है, साथ ही कॉन्फिडेंस बढ़ता है. टीम में काम करना आसान होता है. लीडरशिप क्वालिटी विकसित होती है. इसके लिए रोज अखबार और किताबें पढ़ें. लोगों से खुलकर बातचीत करें. मिरर के सामने बोलने की प्रैक्टिस करें. पब्लिक स्पीकिंग में हिस्सा लें

टीमवर्क स्किल्स: आज की कॉर्पोरेट दुनिया पूरी तरह टीमवर्क पर आधारित है. किसी भी कंपनी में अकेले काम नहीं होता है. हर प्रोजेक्ट में अलग-अलग लोगों के साथ मिलकर काम करना पड़ता है.कॉलेज में ग्रुप प्रोजेक्ट्स और असाइनमेंट्स के जरिए छात्र यह सीख सकते हैं कि टीम के साथ कैसे काम किया जाता है.वहीं एक अच्छे टीम प्लेयर की पहचान दूसरों की बात सुनना, जरूरत पड़ने पर मदद करना और टीम के लक्ष्य को प्राथमिकता देना है. विवाद को शांत तरीके से सुलझाना भी है, जो छात्र कॉलेज में टीमवर्क सीख लेते हैं, उन्हें नौकरी में तेजी से ग्रोथ मिलती है.

टाइम मैनेजमेंट: कॉलेज लाइफ में पढ़ाई, दोस्त, सोशल लाइफ और एक्स्ट्रा एक्टिविटीज के बीच बैलेंस बनाना आसान नहीं होता है. ऐसे में टाइम मैनेजमेंट सबसे जरूरी स्किल बन जाती है, जो छात्र समय का सही यूज करना सीख लेते हैं, वे कम तनाव में ज्यादा काम कर पाते हैं. टाइम मैनेजमेंट से काम समय पर पूरा होता है और तनाव कम होता है. इससे पढ़ाई और पर्सनल लाइफ में बैलेंस रहता है.  साथ ही लक्ष्य जल्दी हासिल होते हैं. इसके लिए टू-डू लिस्ट बनाएं और जरूरी काम पहले करें. मोबाइल और सोशल मीडिया का समय सीमित करें. हर दिन का प्लान पहले से तैयार करें. यह स्किल नौकरी में भी बहुत काम आती है, क्योंकि कंपनियां समय पर काम पूरा करने वाले कर्मचारियों को ज्यादा महत्व देती हैं.

प्रॉब्लम सॉल्विंग और क्रिटिकल थिंकिंग स्किल्स: लाइफ में कई बार ऐसी परिस्थितियां सामने आती हैं जहां तुरंत सही फैसला लेना पड़ता है.यहीं पर प्रॉब्लम सॉल्विंग और क्रिटिकल थिंकिंग स्किल्स काम आती हैं. यह स्किल कठिन परिस्थितियों में सही निर्णय लेने में मदद मिलती है. दिमाग तेज और एक्टिव बनता है. नौकरी में बेहतर प्रदर्शन होता है. लीडरशिप क्वालिटी बढ़ती है. ऐसे में हर समस्या को अलग नजरिए से समझें. जल्दबाजी में फैसला न लें. नए आइडियाज पर सोचें. लॉजिकल तरीके से समाधान खोजें

एडेप्टेबिलिटी: आज टेक्नोलॉजी बहुत तेजी से बदल रही है. हर दिन नए टूल्स, नई स्किल्स और नए काम सामने आ रहे हैं. ऐसे में वही लोग आगे बढ़ पाते हैं जो बदलाव को जल्दी अपनाना जानते हैं. एडेप्टेबिलिटी से नई चीजें जल्दी सीखने में मदद मिलती है. करियर में ग्रोथ तेज होती है. मुश्किल परिस्थितियों में खुद को संभालना आसान होता है. कंपनियां ऐसे लोगों को ज्यादा पसंद करती हैं. खुद को अपडेट करने के लिए नई स्किल्स सीखते रहें. ऑनलाइन कोर्स करें. फीडबैक को पॉजिटिव तरीके से लें. टेक्नोलॉजी से जुड़े रहें.