Home देश ‘हिंदुस्तान किसी की जागीर नहीं, यह मुल्क…’, महाराष्ट्र में असदुद्दीन

‘हिंदुस्तान किसी की जागीर नहीं, यह मुल्क…’, महाराष्ट्र में असदुद्दीन

5
0

महाराष्ट्र के धुले शहर के वडजाई रोड स्थित मैदान में सोमवार, 12 जनवरी को ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के राष्ट्रीय नेता और विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी की एक विशाल चुनावी जनसभा संपन्न हुई. अपने आक्रामक भाषण में ओवैसी ने न केवल विरोधियों पर तीखे शब्द-बाण छोड़े, बल्कि संवैधानिक अधिकारों और सामाजिक एकजुटता का भी पुरजोर आह्वान किया.

अकबरुद्दीन ओवैसी ने कहा, “वोट सिर्फ एक पर्ची नहीं, बल्कि आपकी इज्जत, आपके हक और आपकी बस्तियों की खुशहाली की गारंटी है.” उन्होंने जोर देकर कहा कि हिंदुस्तान किसी की जागीर नहीं है. यह मुल्क जितना दूसरों का है, उतना ही यहां के मुसलमानों का भी है.”

AIMIM नेता ने सत्ता पक्ष पर आरोप लगाते हुए कहा कि वे ‘हिंदू-मुसलमान’ के मुद्दों को हवा देकर असल समस्याओं को हाशिये पर धकेल देते हैं.

भ्रष्टाचार और स्थानीय राजनीति पर तंज

महाराष्ट्र की वर्तमान राजनीति पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने उप मुख्यमंत्री अजित पवार को आड़े हाथों लिया. उन्होंने कहा, “ना खाऊंगा, ना खाने दूंगा” की बात करने वाली बीजेपी आज भ्रष्टाचार के आरोपी नेताओं के साथ सत्ता साझा कर रही है. ‘इलेक्टोरल बॉन्ड’ के मुद्दे पर उन्होंने बीजेपी को घेरते हुए इसे चुनावी चंदे के नाम पर बड़ी लूट करार दिया.

इत्तेहाद (एकजुटता) का संदेश

ओवैसी ने भावुक अपील करते हुए कहा कि नफरत का जवाब नफरत से नहीं, बल्कि मोहब्बत और एकजुटता से दिया जाना चाहिए. उन्होंने कहा, “मुसलमानों को जोश के साथ होश की भी जरूरत है. अगर हम संगठित नहीं हुए, तो आने वाली नस्लें हमें कभी माफ नहीं करेंगी.” उन्होंने साफ किया कि वे केवल चुनाव जीतने नहीं, बल्कि लोगों का दिल जीतने और हक की आवाज बुलंद करने आए हैं.

चुनावी अपील: ‘पतंग’ को जिताने का आह्वान

भाषण के अंत में अकबरुद्दीन ओवैसी ने मकर संक्रांति के पर्व और पार्टी के चुनाव चिन्ह ‘पतंग’ का जिक्र करते हुए कहा कि यह अल्लाह की शान है कि विरोधियों के हाथ में भी हमारी निशानी है. उन्होंने धुले की जनता से अपील की कि 15 तारीख को होने वाले मतदान के दिन केवल 15 मिनट का समय निकालें और ‘पतंग’ के निशान पर वोट देकर मजलिस को एक ऐतिहासिक जीत दिलाएं.

सभा के दौरान वडजाई रोड क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे और हजारों की संख्या में युवाओं और नागरिकों की उपस्थिति ने चुनावी सरगर्मियों को और तेज कर दिया है.