राजनांदगांव। जिले के डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम रूपाकाठी में ग्रामीणों के लिए सुरक्षित एवं नियमित पेयजल की उपलब्धता एक गंभीर चुनौती थी। ग्रामीणों को अपनी दैनिक जल आवश्यकताओं के लिए हैंडपंप, कुओं तथा सीमित जल स्रोतों पर निर्भर रहना पड़ता था। साथ ही ग्रामीणों को ग्रीष्म ऋतु में पेयजल की उपलब्धता के लिए बहुत परेशानी होती थी। कई बार जल स्रोतों के सूख जाने से ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं एवं बच्चों को दूर-दराज के स्थानों से पानी लाना पड़ता था। जिससे न केवल समय और श्रम की हानि होती थी, बल्कि स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता था। जिसके दृष्टिगत भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना जल जीवन मिशन अंतर्गत ग्राम रूपाकाठी को शामिल किया गया। योजना के तहत प्रत्येक ग्रामीण परिवार को घर पर ही नल के माध्यम से सुरक्षित एवं पर्याप्त मात्रा में पेयजल उपलब्ध कराना था। मिशन अंतर्गत ग्राम में जल आपूर्ति व्यवस्था का समग्र एवं सुनियोजित विकास किया गया। तकनीकी मानकों के अनुरूप सुरक्षित जल स्रोत का चयन कर जल संरचना तथा वितरण प्रणाली का निर्माण कराया गया। जिससे जल की गुणवत्ता और निरंतरता सुनिश्चित की जा सके। पाइपलाइन नेटवर्क का विस्तार करते हुए ग्राम के कुल 107 परिवारों को कार्यात्मक घरेलू नल कनेक्शन प्रदान किए गए। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अमले एवं ग्रामीणों के सामूहिक सहयोग से योजना का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया गया। जिससे योजना न केवल समयबद्ध रूप से पूर्ण हुई, बल्कि गुणवत्ता के सभी मानकों का भी पालन किया गया। भविष्य में जल आपूर्ति व्यवस्था की स्थिरता बनी रहे, इसके लिए ग्रामीणों को जल के समुचित उपयोग, संरक्षण तथा रखरखाव के प्रति जागरूक किया गया। जल जीवन मिशन से ग्राम के सभी 107 परिवारों तक नल के माध्यम से पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे ग्रामीणों का जीवन स्तर बेहतर हुआ है। महिलाओं और बच्चों को पानी लाने की कठिन जिम्मेदारी से राहत मिली है। जिससे उन्हें शिक्षा, घरेलू कार्यों और आजीविका संबंधी गतिविधियों के लिए अधिक समय मिल पा रहा है। स्वच्छ जल की उपलब्धता से जलजनित रोगों में कमी आयी है और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता में वृद्धि हुई है। जल जीवन मिशन ने ग्राम रूपाकाठी में केवल पेयजल सुविधा ही नहीं प्रदान की, बल्कि सामाजिक और आर्थिक बदलाव की नींव भी रखी है। समय और श्रम की बचत से ग्रामीणों की उत्पादकता बढ़ी है तथा जीवन की गुणवत्ता में सकारात्मक सुधार हुआ है।
ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती पुष्पलता साहू ने बताया कि गांव में जल जीवन मिशन लागू होने से पहले पानी की समस्या रोजमर्रा की चिंता बनी रहती थी। खासकर गर्मी के दिनों में महिलाओं को दूर-दूर तक पानी के लिए जाना पड़ता था। जिससे उनका समय और स्वास्थ्य दोनों प्रभावित होते थे। जल जीवन मिशन के माध्यम से हर घर तक नल से जल पहुंचने के बाद गांव की स्थिति पूरी तरह बदल गई है। अब प्रत्येक परिवार को अपने घर में ही स्वच्छ और सुरक्षित पानी मिल रहा है, जिससे गांव के लोगों को बड़ी राहत मिली है। उन्होंने बताया कि इस योजना ने न केवल पानी की समस्या का समाधान किया है, बल्कि गांव के लोगों में स्वच्छता और जल संरक्षण के प्रति भी जागरूकता बढ़ाई है। महिलाएं अब पेयजल की चिंता से मुक्त होकर अपने परिवार, बच्चों की पढ़ाई और अन्य कार्यों पर ध्यान दे पा रही हैं। स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं में भी स्पष्ट कमी देखने को मिली है। ग्रामवासियों का भी मानना है कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत मिली यह सुविधा गांव के लिए एक स्थायी उपलब्धि है। नल के माध्यम से नियमित जल आपूर्ति होने से समय की बचत हो रही है और जीवन पहले की तुलना में अधिक व्यवस्थित एवं सुरक्षित हो गया है। सामूहिक सहभागिता और पंचायत के मार्गदर्शन से जल आपूर्ति व्यवस्था का रखरखाव भी सुचारू रूप से किया जा रहा है, जिससे भविष्य में भी इस सुविधा के निरंतर संचालन की संभावना सुनिश्चित होती है।



