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Meta ने भारत में हटाए 1.60 लाख अकाउंट, सरकार ने क्या कदम उठाया?

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हमारे देश में यह आमतौर पर देखने को मिलता है कि सभी गलत तरीके से कुछ न कुछ करते रहते हैं और तब तक करते रहते हैं, जब तक सरकार की ओर से कोई ठोस कदम उठा नहीं लिया जाता है। बहुत मामलों में यह टेक कंपनियों के साथ भी देखने को मिलता है। असल में, ऐसे कई मामले सामने आ चुके हैं। इसी कड़ी में सबसे नए मामले के तौर पर Instagram पर बच्चों के योन शोषण से जुड़े कंटेन्ट को बढ़ावा देने वाले ऐडस चल रहे थे। यह चल ही रहे थे, इनपर किसी का भी ध्यान नहीं था, हालांकि, जब से इस मामले को लेकर सरकार हरकत में आई है, तब से Meta की अकल भी ठिकाने पर आई है। असल में, सरकार के डंडे के बाद यह हुआ है कि Meta की ओर से पिछले 6 महीने में भारत के लगभग लगभग 1.60 लाख इसी तरह के अकाउंट को हटा दिया है, जो इस तरह के कंटेन्ट को बढ़ावा देने का काम कर रहे थे।

सरकार ने क्या कदम उठाया?

जानकारी के अनुसार आपको बता देते हैं कि Electronics और Information Technology मंत्रालय ने Meta को नोटिस जारी किया था, और कहा था कि Instagram पर बच्चों के यौन शोषण से जुड़े सभी ऐडस यानि विज्ञापनों और कंटेन्ट को हटाया जाना चाहिए। मंत्रालय ने कंपनी से 7 दिनों के भीतर जवाब माँगा था। IT मंत्री अश्विनी वैष्णव ने अधिकारियों को Meta को तलब करने के आदेश भी दिए थे। सरकार की इस सख्ती का असर अब साफ दिखने लगा है।

Meta का जवाब आ चुका है

Meta ने कहा है कि बच्चों का यौन शोषण एक घिनौना अपराध है और कंपनी अपने सभी प्लेटफॉर्म आदि पर इससे जुड़े कंटेन्ट के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई कर रही है। कंपनी ने आँकड़े देते हुए कहा है कि कंपनी ने पिछले 6 महीनों में भारत में 1.60 लाख संदिग्ध अकाउंट हटा दिए हैं।

AI के जरिए हो रही है कंटेन्ट की पहचान

Meta के अनुसार AI की सहायता से संदिग्ध लिंक्स, बच्चों के शोषण से जुड़ी ऐक्टिविटी और संदिग्ध व्यवहार की पहचान की जाती है। इसी तकनीकी के जरिए पिछले साल Facebook और Instagram से दुनियाभर में 40 लाख से ज्यादा संदिग्ध अकाउंट हटाया थे। Meta का यह भी कहना है कि विज्ञापनों की भी जाँच होती है ताकि ऐसे किसी नेटवर्क या गलत कंटेन्ट को किसी भी प्रकार से कोई बढ़ावा न मिले। Company के अनुसार सरकार या किसी अन्य एजेंसी की ओर से मामला उठाए जाने से पहले ही उसके सिस्टम ही इस काम को कर देते हैं और अकाउंट बंद कर दिए जाते हैं।

Meta ने आरोपों को खारिज किया

Meta पर यह आरोप लगते रहे हैं कि वह बच्चों से जुड़े विज्ञापनों को किसी विशेष या अनुचित रुचि रखने वाले लोगों तक जानबूझकर पहुँचाती है। कंपनी ने इस आरोप को सिरे से खारिज करते हुए कहा है कि वह ऐसा कभी नहीं करती है। हालांकि, कंपनी की ओर से उठाया गया कदम भी नजर आ रहा है, इतने अकाउंट बंद करना अपने आप में एक बड़ी बात है।